होमियोमॉर्फिज्म दो टोपोलॉजिकल स्पेस के बीच एक सतत फलन होता है जिसका एक सतत व्युत्क्रम फलन भी होता है। दो टोपोलॉजिकल स्पेस को होमियोमॉर्फिक कहा जाता है यदि ऐसा फलन मौजूद हो। टोपोलॉजिकल दृष्टिकोण से, होमियोमॉर्फिक स्पेस एक समान होते हैं। यह अवधारणा इस विचार को समाहित करती है कि किसी वस्तु को बिना फाड़े या चिपकाए खींचा, मोड़ा या विकृत किया जा सकता है, जैसे कॉफी मग को डोनट में बदलना।





